जंगली एस.एम.एस - बिल्लू बादशाह Jangli SMS - Hindi book by - Billu Badshah
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जंगली एस.एम.एस

बिल्लू बादशाह

प्रकाशक : फ्यूजन बुक्स प्रकाशित वर्ष : 2006
पृष्ठ :94
मुखपृष्ठ :
पुस्तक क्रमांक : 4721
आईएसबीएन :81-8419-032-8

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बिल्लू बादशाह के जंगली और जबर्दस्त एस.एम.एस.....

Jungali SMS A Hindi Book by Billu Badshaha

प्रस्तुत हैं पुस्तक के कुछ अंश

बिल्लू बादशाह’’

इतिहास में उसे ही अच्छा बादशाह कहा गया है- जिसने लुटाया है, बांटा है।
लतीफे, चुटकुले, जोक्स, एस.एम.एस. पर किसी एक का अधिकार नहीं है, शुद्ध मनोरंजन है, ‘खुशियों का खजाना है। इसे बिल्लू बादशाह को भी अपने दोस्तों के बीच खुले दिल से लुटाना है। पढ़कर एस.एम.एस. बिल्लू के दूर करें अवसाद। जब जब आए हंसी, करना बिल्लू को याद।



तकदीर हमें उस मोड़ पर ले आई जहां गम और तन्हाई,
बरस रहे हैं आंखों से आंसू क्या इसी का नाम जुदाई है।



कैसा गजब जमाना है,
कौन समझाए किसने जाना है,
काश !
हमसे वो जुदा न होते,
जिसका अब भी ये दिल दिवाना है।



जिंदगी हर पल कुछ नया दिखाती है,
कभी हंसती तो, कभी रुलाती है,
जिसको भी समझाता हूं अपना,
ना जाने वो क्यों साथ छोड़कर चली जाती है।


वो हमें छोड़ गए इसमें उनका क्या कसूर था,
उनका प्यार शायद मेरे नसीब में न था,
बगैर उनके ही अब जी लेते हैं
हम,
शायद वो इक सितारा है,
जो कभी मेरे करीब ही न था।



तेरा साथ चाहिए जिंदगी जीने के लिए,
तरसती है ये आंखें तेरे दीदार को,
कब हटेंगे ये काले बादल आसमान से,
कब आएगी ये सुनहरी धूप ले के मेरे प्यार को।



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