तुरग-ब्रह्मचर्य/turag-brahmachary
लोगों की राय

शब्द का अर्थ खोजें

शब्द का अर्थ

तुरग-ब्रह्मचर्य  : पुं० [ष० त०] वह ब्रह्मचर्य जो केवल स्त्री की अप्राप्ति के कारण चलता हो।
समानार्थी शब्द-  उपलब्ध नहीं
 
लौटें            मुख पृष्ठ